Hamsa Pagal Shayariहमारे बिन अधूरे तुम रहोगे, कभी ना चाहा किसी ने खुद तुम कहोगे, हम ना होंगे तो ये आलम ना होगा, मिलेंगे बहुत से पर हम सा कोई हमसा पागल ना होगा ।