Kareeb New Love Shayariखुद से करीब, बहुत करीब आ गया था वो मेरे, वो जुदा हो जायेगा मैं ये नहीं कभी समझ पाया था।रोने लग जाता था मेरी ज़रा सी तकलीफ से, मेरी ज़िन्दगी में इक शक्श ऐसा भी आया था।